पंडित दौलतराम जी की पुण्यभूमि सासनी में सोमवार को भगवान महावीर का जन्मोत्सव धूमधाम से मनाया गया। सुबह जैन मंदिरों में विशेष पूजन, अभिषेक और शांतिधारा के बाद भव्य शोभायात्रा निकाली गई।
अतुल जैन, अंजय जैन एवं डॉ. दीपक जैन परिवार ने उद्घाटन व ध्वजारोहण किया वहीं श्यामसुंदर जैन व सरोज जैन माता-पिता बने , मनोज जैन सौधर्म इंद्र बने, विनय जैन सनत कुमार इंद्र बने, सर्वेश जैन कुबेर बने, राजेश जैन सारथी एवं रथ स्थापक बने तथा ममता जैन ने कलश महिला उठाया। वक्ताओं ने भगवान महावीर के अहिंसा, अनेकांत और अपरिग्रह के सिद्धांतों पर चलने का आह्वान करते हुए कहा कि भगवान महावीर के विचारों में अनेकान्त, वाणी में स्याद्वाद, आचरण में अहिंसा और जीवन में अपरिग्रह ये भगवान महावीर के चार प्रमुख सिद्धांत थे। सभी आत्माएं समान हैं कोई छोटी- बड़ी नहीं है। भगवान महावीर का जीवन नर से नारायण, पशु से परमेश्वर व आत्मा से परमात्मा बनने की कहानी व्यक्त करता है। भगवान महावीर के पाँच नाम में वीर, अतिवीर, सन्मति, वर्धमान और महावीर की सार्थकता बताई गई। कार्यक्रम का सफल संचालन शोभायात्रा संयोजक अतुल जैन, अध्यक्ष राहुल जैन, उपाध्यक्ष विनय जैन, मंत्री शोभित जैन व यश लुहाड़िया, और कोषाध्यक्ष सर्वेश जैन की देखरेख में हुआ। इस अवसर पर जैन समाज अध्यक्ष शैलेंद्र जैन, महामंत्री अंजय जैन, मीडिया प्रभारी अम्बुज जैन, विपिन जैन, विपुल लुहाड़िया, मनोज जैन एवं अभिषेक जैन सहित सकल दिगंबर जैन समाज के सदस्य उपस्थित रहे।












