यात्रा के दौरान किसी भी प्रकार की अव्यवस्था या लापरवाही नहीं होगी बर्दाश्त
सिकंदराराऊ । 30 जुलाई से प्रारंभ होने वाली कांवड़ यात्रा को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए प्रशासन ने पूरी कमर कस ली है। उच्चाधिकारियों के निर्देश पर प्रशासन ने कावंड़ यात्रा की तैयारियां तेज कर दी हैं। शासन की मंशा के अनुरूप यात्रा के दौरान किसी भी प्रकार की अव्यवस्था या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी । शनिवार को एसडीएम एवं सीओ ने संयुक्त रूप से कांवड़ यात्रा मार्ग का निरीक्षण किया और आवश्यक दिशा निर्देश दिए।

शनिवार को उपजिलाधिकारी धर्मेंद्र सिंह चौहान और पुलिस क्षेत्राधिकारी अमित पाठक ने संयुक्त रूप से कांवड़ यात्रा मार्ग का स्थलीय निरीक्षण किया। अधिकारियों ने रूट की सुरक्षा, साफ-सफाई और अन्य व्यवस्थाओं का जायजा लिया। एसडीएम धर्मेंद्र सिंह चौहान ने स्पष्ट किया कि शासन के आदेशों का शत-प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित कराया जाएगा और सुरक्षा व्यवस्था में कोई चूक बर्दाश्त नहीं होगी। तैयारियों को समय पर पूरा करने के लिए प्रशासनिक अधिकारियों ने विद्युत विभाग, नगर पालिका परिषद और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की। बैठक में बिजली के ढीले तारों को ठीक करने, कांवड़ रूट पर समुचित प्रकाश व्यवस्था करने, सड़कों के गड्ढों को भरने और साफ-सफाई के कड़े निर्देश दिए गए।

यह यात्रा पूरे एक माह चलेगी । इसलिए अधिकारी लगातार निगरानी बनाए रखेंगे। सुरक्षा और सुव्यवस्था को मजबूत करने के लिए प्रशासन ने इस बार कांवड़ शिविरों को लेकर सख्त नियम बनाए हैं। श्रद्धालुओं की सेवा के लिए लगाए जाने वाले शिविरों और भंडारों के लिए स्थानीय प्रशासन से लिखित अनुमति लेना अनिवार्य होगा। बिना अनुमति के कोई भी शिविर या कैंप लगाने की इजाजत नहीं होगी। अधिकारियों के मुताबिक, इस नियम का उद्देश्य शिविरों में सुरक्षा, यातायात और बुनियादी सुविधाओं की जिम्मेदारी तय करना है ताकि शिवभक्तों को परेशानी का सामना न करना पड़े।









