सनातन संस्कृति पर्यावरण का संरक्षण करने वाली है-भवतोष

हाथरस। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर पर्यावरण सुरक्षा संस्थान के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष भवतोष मिश्र के नेतृत्व में पौधे युक्त गमले में रक्षा सूत्र बाँधकर वृक्षों की रक्षा का संकल्प लिया गया। साथ ही तुलसी के पौधे व कपड़े के थैले वितरित किये गये।। नगर पालिका मार्केट स्थित एकता मेडिकल स्टोर पर पर्यावरणविद् भवतोष मिश्र के संयोजकत्व में आयोजित कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला कैमिस्ट व ड्रगिस्ट एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष दाऊदयाल शर्मा ने की। इस अवसर पर आयोजित गोष्ठी को संबोधित करते हुये पर्यावरणविद् भवतोष मिश्र ने कहा कि सनातन संस्कृति पर्यावरण का संरक्षण करने वाली है। सनातन संस्कृति में जहां आंवला , पीपल, तुलसी ,केला, आदि वृक्षों को पूजे जाने की परंपरा है। वहीं गंगा ,यमुना नदियों , पृथ्वी व गाय को मां माना गया है। जल, सूर्य, चंद्रमा को देवता माना गया है।

उन्होंने कहा कि हर व्यक्ति को सांस के लिये ऑक्सीजन की आवश्यकता पड़ती है , फिर प्राणवायु प्रदाता वृक्षों को लगाने, वृक्षों को बचाने व जल संरक्षण के लिये केवल सरकार से अपेक्षा करने की बजाय पर्यावरण संरक्षण हेतु अपना फर्ज भी निभाने के लिये आगे आना होगा। श्री मिश्र ने पॉलीथिन का बहिष्कार कर थैला अपनाने का आव्हान किया।। इस दौरान प्रमुख समाजसेवी व व्यापारी नेता संदीप दीपक , व्यापारी नेता हरिमोहन शर्मा गुरुजी, दीप इंटर कॉलेज मैंडू के डायरेक्टर देवेंद्र आर्य, मनीष पचौरी , मोहन शर्मा , नरेंद्र तिवारी, शीलू, संतोष चौहान ,रविकांत पाठक , संजय शर्मा , अंकित अग्रवाल, समीर, ओमवीर सिंह, वैभव आदि मौजूद थे |

Dainik Lalsa
Author: Dainik Lalsa

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