
हाथरस। सावन कृपाल रूहानी मिशन के बैनरतले मिशन की शाखाओं क्रमशः कृपाल आश्रम गौशाला मार्ग , कृपाल आश्रम पिछोंती(हसायन) तथा राजिंदर आश्रम वीर नगर ( सासनी) पर साप्ताहिक आद्यात्मिक प्रवचनों/सत्संग का आयोजन हुआ। सत्संग दयाल पुरुष दर्शन सिंह जी महाराज तथा मिशन के प्रमुख व विश्व विख्यात संत राजिंदर सिंह जी महाराज की रब्बी वाणी में ऑडियो वीडियो द्वारा सुनाया गया।
महाराज जी समझाते हैं कि जब भी संसार में सच्चे संत महापुरुष आते रहे हैं, उन्होंने समय समय पर यही पैगाम दिया है कि प्रभु प्रेम का समन्दर हैं और चूंकि हमारी आत्मा प्रभु का ही एक अंश है। इस तरह से हमारी आत्मा भी प्रभु प्रेम से भरी हुई है। हमें परमात्मा ने अपार दया मेहर करके यह इंसानी चोला दिया है, जिसे नर नारायणी देह भी कहते हैं।
महाराज जी ने समझाया कि इसी चोले में हमारी आत्मा परमात्मा में आत्मसात हो सकती है। इसलिए यदि हमें अपने जीवन को सफल बनाना है, और इसी जीवन में आध्यात्मिक उन्नति पानी है तो किसी पूर्ण संत सतगुरु की शरण लेनी होगी। एक पूर्ण सतगुरु ही हैं, जो हमें हमारे जीवन के वास्तविक उद्देश्य जो कि स्वयं को सही रूप में जानना व अपनी आत्मा को प्रभु में लीन कराना है, को आसानी से पूरा करा सकते हैं।।
इसके साथ साथ सभी शाखाओं पर कई सुविधानुसार अन्य गतिविधियां जैसे बाल सत्संग,निःशुल्क प्याऊ, आध्यात्मिक पुस्तक स्टाल,दर्शन लाइब्रेरी, निःशुल्क चिकित्सा डिस्पेंसरी,विशेषकर हाथरस शाखा पर निःशुल्क राजिंदर सिलाई सेंटर, कंप्यूटर ट्रेनिंग सेंटर भी संचालित हुआ। सत्संग के पश्चात महाराज जी द्वारा सभी अनुयायियों को भजन पर बैठाया। इसके बाद सभी शाखाओं पर बड़े ही प्रेम पूर्वक संगत को लंगर प्रसाद परोसा गया। जिसे सभी ने प्रेम और चाव के साथ ग्रहण किया।
कार्यक्रम को सफलतापूर्वक संचालित कराने में सभी प्रबंध समितियों के सदस्यों व सक्रिय सेवादार भाई बहनों का सारानीय योगदान रहा।









