हाथरस। सेठ फूलचंद बागला पी.जी. कॉलेज में आज व्यास पूजन कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन सरस्वती माँ के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित और माल्यार्पण करके किया।कार्यक्रम की अध्यक्षता महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. महावीर सिंह छोंकर ने की।। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता के. पी. सिंह भारत शिक्षण मंडल ब्रज प्रांत के उपाध्यक्ष ने कहा कि भारत की गुरु-शिष्य परंपरा अत्यंत प्राचीन एवं समृद्ध है, जिसने ज्ञान, संस्कृति एवं संस्कारों के संरक्षण तथा संवर्धन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
प्राचार्य ने कहा कि गुरु को ज्ञान एवं जीवन-दृष्टि का मार्गदर्शक माना गया है तथा व्यास पूजन इसी परंपरा के प्रति श्रद्धा एवं सम्मान का प्रतीक है। महर्षि वेदव्यास ने ज्ञान के संरक्षण एवं उसके पीढ़ीगत हस्तांतरण की सुदृढ़ नींव रखी।। कार्यक्रम का आयोजन प्रो. धर्मेंद्र सिंह एवं डॉ. विमलेश द्वारा किया गया। जबकि संचालन डॉ. डी. के. दीक्षित ने किया। इस अवसर पर प्रोफेसर सुनन्दा महाजन, प्रो. चन्द्रशेखर रावल, प्रो. के एन त्रिपाठी, प्रो. राजेश कुमार (हिन्दी) प्रो. एम पी सिंह, डॉ. दीपा ग्रोवर, डॉ. बृजेश सिंह कुशवाहा, डॉ. एस.डी.पचौरी,प्रो.साहब सिंह, डॉ. वीरेश कुमार शर्मा, डॉ. प्रेम किशोर, डॉ. शालिनी अग्रवाल, डॉ. हरिओम सारस्वत, डॉ. कमलेश आदि अनेक शिक्षकगण एवं विद्यार्थी उपस्थित थे।कार्यक्रम में भारतीय ज्ञान-परंपरा, गुरु-गौरव एवं शिक्षा के सामाजिक-सांस्कृतिक महत्व पर विशेष रूप से प्रकाश डाला गया।









