भगवान शिव की आराधना मनुष्य को प्रदान करती है मोक्ष – शरण देव : कथा का रसपान करने को उमड़ रही श्रद्धालुओं की भीड़
सिकंदराराऊ । कासगंज रोड स्थित ममता फार्म हाउस में चल रही नौ दिवसीय संगीतमय श्री शिव महापुराण कथा के चौथे दिन शनिवार को कथावाचक सतगुरु शरण देव जी महाराज ने शिव के स्वरूप, उनकी महत्ता और सृष्टि निर्माण से जुड़े प्रसंगों का विस्तार से वर्णन किया।
कथाव्यास ने कहा कि भगवान शिव का स्वरूप निराकार है और वे समस्त चराचर जगत में व्याप्त हैं। सृष्टि के कण-कण में उनका अस्तित्व माना गया है। उन्होंने शिव की अमर कथा का वर्णन करते हुए श्रद्धालुओं को भगवान शिव की भक्ति, साधना और उनके बताए मार्ग पर चलने का संदेश दिया। कथा के दौरान सृष्टि की उत्पत्ति और उसके संचालन से जुड़े विभिन्न प्रसंगों का भी वर्णन किया गया। उन्होंने कहा कि भगवान शिव आदि और अनंत हैं, और उनकी महिमा का पूर्ण वर्णन संभव नहीं है। शिव तत्व को समझने के लिए मनुष्य को अहंकार का त्याग कर श्रद्धा और भक्ति के साथ ईश्वर का स्मरण करना चाहिए। कथावाचक ने कहा कि भगवान शिव की आराधना मनुष्य को मोक्ष प्रदान करती है। इसलिए समस्त मानव जाति को भगवान शिव की निर्मल मन से उपासना करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि पार्वती जी ने भगवान शिव से कहा कि आप परम तत्व के बारे में अवगत करवाएं । जिसकी शरण में जाने से मुक्ति मिल जाती हो । माता पार्वती की बात सुनकर भगवान शिव बोले कि है देवी विज्ञान ही परम तत्व है और यह विज्ञान मनुष्य के अंतर्मन में ही विराजमान रहता है। मगर आज का इंसान सांसारिक मोह माया में उलझा हुआ है । जिसकी वजह से वह जीवन काल तक इधर-उधर भटकता रहता है। कथा का रसपान करने को श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ रही है। कथा के दौरान बीच-बीच में लगाए गए ‘हर-हर महादेव’ और ‘बम-बम भोले’ के जयकारों से कथा स्थल गूंजता रहा । जिससे वातावरण भक्तिमय बना रहा।कथा के समापन पर श्रद्धालुओं ने भगवान शिव की आरती में शामिल होकर सुख-समृद्धि और परिवार की खुशहाली की कामना की। कथा में आयोजक रामकिशन दीक्षित, पंकज दीक्षित, आकाश दीक्षित, आशुतोष दीक्षित, यश दीक्षित, राजकुमार दीक्षित, अशोक दीक्षित, जोगेंद्र दीक्षित, सुरेंद्र दीक्षित, शुभम ,दुर्वेश पचौरी, मनोज शर्मा, दीपक शर्मा, सतीश गुप्ता, सुधीर जादौन, बृज बिहारी कौशिक, शशि बघेल, लोकेंद्र शर्मा आदि मौजूद रहे।









